नेशनलिस्ट यूनियन ऑफ जर्नलिस्ट्स बिहार की मुजफ्फरपुर इकाई की ओर से 'अमृत महोत्सव वर्ष' के मौके पर परिचर्चा का आयोजन
तथ्य व सत्य पर आधारित पत्रकारिता से समाज को मिलती है मज़्तबूत दिशा- कमल सिंह
<p>बिहार मुजफ्फरपुर(आक़िब चिश्ती)</p>
<p>गांधी जयंती ( 2 अक्टूबर) के पावन अवसर पर " नेशनलिस्ट यूनियन ऑफ जर्नलिस्ट्स, बिहार" की मुजफ्फरपुर जिला इकाई की ओर से अमृत महोत्सव वर्ष के मौके पर ' आजादी के 75 साल में बिहार की पत्रकारिता: दशा और दिशा' विषयक परिचर्चा आयोजित की गई। इस अवसर पर मुख्य अतिथि श्री कमल सिंह, जिला जनसम्पर्क पदाधिकारी , मुजफ्फरपुर ने कहा कि तथ्य और सत्य पर आधारित पत्रकारिता से ही समाज को दिशा मिलती है। सत्य का अनुसरण करने वाले पत्रकार समाज के साथ-साथ अपनी गरिमा को भी बचा कर रखने में समर्थ होते हैं।उन्होंने कहा कि वर्तमान में मीडिया का दायरा काफी व्यापक हुआ है। परम्परागत प्रिंट व इलेक्ट्रॉनिक माध्यम के बाद आज इंटरनेट आधारित सोशल मीडिया का काफी प्रभाव देखा जा रहा है। मगर ऐसे में हमें और सचेत रहने की जरूरत है। बिहार की धरती शुरू से ही पत्रकारिता के लिए उर्वर रही है। यहां की पत्रकारिता ने देश को भी सदैव दिशा दी है।इसके पूर्व 'श्री गांधी स्मृति पुस्तकालय एवं वाचनालय' सिकंदरपुर मुजफ्फरपुर में राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की जयंती पर एनयूजे, बिहार के दर्जनों पत्रकारों के साथ अनुमंडल अधिकारी, पूर्वी मुजफ्फरपुर श्री ज्ञान प्रकाश, जनसंपर्क पदाधिकारी श्री कमल सिंह, साहित्यकार डॉक्टर संजय पंकज, डॉ इकबाल समी, श्री देवीलाल, आचार्य चंद्र किशोर पराशर, पुस्तकालय के अध्यक्ष डॉक्टर के सी सिन्हा, उदयभानु, श्रीमती वंदना कुमारी, रामगोपाल जालान एवं पुस्तकालय के सचिव श्री ऋतेश अनुपम आदि ने माल्यार्पण ने किया। अनुमंडल अधिकारी श्री ज्ञान प्रकाश ने कहा कि महात्मा गांधी के द्वारा निर्देशित सत्य-अहिंसा के साथ-साथ स्वच्छता को बढ़ावा देकर ही समाज को बेहतर बनाया जा सकता है।परिचर्चा के क्रम को आगे बढ़ाते हुए साहित्यकार डॉ संजय पंकज ने कहा कि आज पत्रकार की स्वतंत्रता एवं निष्पक्षता को बरकरार रखते हुए समाज के प्रति जिम्मेवार बनने की जरूरत है।समाजसेवी डॉ इकबाल शमी ने कहा कि आज भी समाज की लोगों की आशा पत्रकारिता व पत्रकारों के साथ बनी हुई है। श्री देवी लाल कहा कि आजादी के 75 वें वर्ष में भी पत्रकारिता समाज और सरकार के बीच की महत्वपूर्ण कड़ी है। आचार्य श्री चंद्र किशोर पराशर ने कहा कि देश के विकास में पत्रकारिता के योगदान को नजरअंदाज नहीं किया जा सकता है।गांधी स्मृति पुस्तकालय के सचिव व एनयूजे, बिहार के वरिष्ठ सदस्य ऋतेश अनुपम ने कहा कि आजादी के 75 वें वर्ष में हम अमृत महोत्सव मना रहे हैं, ऐसे मौके पर हम सभी पत्रकारों को क्या खोया, क्या पाया का आंकलन करने की जरूरत है। एन. यू. जे., बिहार की मुजफ्फरपुर जिला इकाई के जिलाध्यक्ष मुकेश चौरसिया ने कहा कि हमें समाज व देश के प्रति कर्त्तव्यनिष्ठ होने की जरूरत है।मुजफ्फरपुर इकाई के महासचिव संतोष तिवारी, वरिष्ठ पत्रकार संजीव कुमार आदि ने भी अपने विचार व्यक्त किए। कार्यक्रम में अमर ओझा, शिला चंद्रा, मुकेश ठाकुर, संजय ठाकुर, अभिषेक आनंद, प्रभाकर कुमार, अभिषेक कुमार, राहुल कुमार, मंजय कुमार, संदीप कुमार आदि उपस्थित थे। कार्यक्रम की अध्यक्षता इकाई के जिलाध्यक्ष मुकेश चौरसिया एवं धन्यवाद ज्ञापन महासचिव संतोष तिवारी ने किया।</p>
Comments (0)
Published By
More in this category
20 अगस्त को इंडियन जर्नलिस्ट एसोसिएशन द्वारा छठा बिहार राज्यस्तरीय पत्रकार महाधिवेशन, संगोष्ठी सह सम्मान समारोह की सफलता के लिए पत्रकारों ने की बैठक
शिक्षक निर्वाचन की तरह पत्रकार निर्वाचन से एमएलसी बनाने की इंडियन जर्नलिस्ट एसोसिएशन ने उठाया मांग
अररिया के पत्रकार विमल यादव की हत्या से आक्रोशित पत्रकारों ने श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए निकाला प्रतिरोध मार्च
Most Popular Posts
गोला ब्लॉक के कोहड़ी ग्रामसभा मे ट्रैक्टर पलटने से ट्रैक्टर सीख रहे बालक की मृत्यु
👁 168 Views
मऊ जनपद में 50 लाख तथा उससे अधिक लागत के निर्माण कार्याे की होगी समीक्षा
👁 115 Views
सिर्फ दिल्ली में ही नहीं, COVID-19 वैक्सीन पूरे देश में मुफ्त होगी: डॉ हर्षवर्धन
👁 75 Views
ओडिशा में आज से सिनेमा घर खोलने की मिली अनुमति
👁 65 Views
रूस के गेदज़ुख मे 5.1 तीव्रता का भुकंप
👁 62 Views
